Laptop क्या है? लैपटॉप के बारे में जानकारी, आज देश में शायद ही कोई ऑफिस या व्यवसाय होगा जहां पर कंप्यूटर या लैपटॉप का इस्तेमाल ना किया जाता हो!
आज देश में ज्यादातर हरेक ऑफिस में इनका इस्तेमाल होने लगा है। इसी बात से हम अंदाजा लगा सकते है के यह लैपटॉप हमारे लिए कितना उपयोगी है।
आज के इस आर्टिकल में मैने लैपटॉप के बारे में जानकारी दी है जैसे की Laptop क्या है?, लैपटॉप में कौन कौन से पार्ट होते है? लैपटॉप का इतिहास क्या है? और लैपटॉप के फायदे और नुकसान क्या है? और उससे जुड़ी जानकारी दी गई है।
तो आइए जानते है लैपटॉप के बारे में जानकारी…
Laptop शब्द को यदि आप अलग करेगे तो आपको इसमें दो अलग अलग शब्द मिलेंगे, Lap और Top, जिसमे lap का अर्थ होता है गोद और top का अर्थ होता है उपर।
यानी की Laptop एक ऐसा डिवाइस, जिसे आप गोद के ऊपर रखकर इस्तेमाल कर सके। Laptop में भी कंप्यूटर की तरह एक साइड स्क्रीन आती है और दूसरे साइड में कीबोर्ड आती है।
दोस्तो Laptop एक प्रकार का computer ही होता है, लेकिन इसे आप नोटबुक कंप्यूटर या छोटा कंप्यूटर कह सकते हैं।
लैपटॉप में जो इंटरनल फीचर है वो ज्यादातर कंप्यूटर की तरह ही होते है, या यू कहे की कंप्यूटर से ज्यादा भी होते है। लैपटॉप में एक सूटकेस से भी छोटे साइज का होता है, जिसे आप कही भी एक जगह से दूसरी जगह पर लेके जा सकते हैं।
आज के समय में बहुत से जगह पर कंप्यूटर की जगह लैपटॉप ने ले ली है जैसे एयरप्लेन में, ऑफिस में, मीटिंग में इत्यादि बहुत सी जगह पर कंप्यूटर के जगह पर लैपटॉप का इस्तेमाल किए जाने लगा है।
एक लैपटॉप के साइज की बात करे तो इसकी मोटाई करीब करीब 2 या 3 इंच के आसपास होती है और इसके वजन भी 2 या 3 किलो के आसपास होते है।
लेकिन आज के इस टेक्नोलॉजी के दौर में इससे भी कम वजन और साइज में लैपटॉप मिलने लगे है। मार्केट में बहुत से लैपटॉप बनाने वाली कम्पनियां आ चुकी है जैसे की एप्पल, डेल, लेनोवो जैसी कंपनियां…
Laptop का Full Form है – “Lightweight Analytical Platform with Total Optimized Power“. Laptop के Components के बारे में जैसे की आपको उपर बताया कि लैपटॉप कंप्यूटर जैसा ही होता है, लेकिन लैपटॉप में सारे component अंदर फिट ही आते है।
तो नीचे हमने लैपटॉप के अलग अलग components के बारे में बताया है जैसे: –
आइए अब जानते है की लैपटॉप के इतिहास के बारे में की, कैसे लैपटॉप की शुरुआत हुई? किसने बनाया? इसका आइडिया कैसे आया? तो सबसे पहले इस छोटे पोर्टेबल कंप्यूटर यानी लैपटॉप की कल्पना Alan Kay ने 1968 किया था।
बाद में उसे डायनाबुक में लिखकर 1972 में पब्लिश किया गया।सबसे पहला पोर्टेबल कंप्यूटर आईबीएम 5100 सितंबर 1975 में लॉन्च किया गया और इस कंप्यूटर को 1980 में नोटबुक कंप्यूटर को डेवलप किया गया बाद में इस कंप्यूटर कई अलग अलग तकनीक और फीचर शामिल किए।
यह जो कंप्यूटर थे, इसमें बैटरी को लेकर थोड़ा प्रॉब्लम था, जिसे सॉल्व करने के लिए CPU के डिजाइन में बदलाव किया गया और पावर मैनेजमेंट का इस्तेमाल होने लगा।इसके अलावा साल 1988 में इसकी डिस्प्ले साइज को भी बढ़ाया गया।
साल 1991 के बाद लैपटॉप में कलर स्क्रीन फीचर शामिल किया गया और जैसे जैसे समय बीतता गया, इसमें नई नई तकनीक और फीचर शामिल किए गए।बाद में लैपटॉप बनाने के लिए कई कंपनिया आई।
तो इस तरह से लैपटॉप की शुरुआत हुई, समय के साथ-साथ आज आधुनिक और विकसित रूप में लैपटॉप हमारे सामने है।
नीचे मैने लैपटॉप के कुछ फायदे बताए है जैसे:
यहां पर नीचे मैने लैपटॉप ले नुकसान बताए है जैसे….
दोस्तो आज के इस आर्टिकल में मैने आपको बताया की Laptop क्या है? लैपटॉप के component के बारे में, लैपटॉप के इतिहास के बारे में और लैपटॉप के फायदे और नुकसान के बारे में जानकारी दी।
मुझे उम्मीद है कि आपको यह जानकारी हेल्पफुल लगी होगी। लैपटॉप को लेकर आपके पास कोई सवाल है या कोई जानकारी शामिल करवाना चाहते हैं तो आप नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में जरूर बताएं।
This post was last modified on 16/11/2021
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GREAT ARTTCLE MAN, KEEP DOTNG THE GOO0 WORK